{"product_id":"book-nnia","title":"Rishabhdev Parshvanath Mahavir Dashavatar","description":"\u003cp\u003eमित्रों हम सब जानते हैं कि जैन धर्म में 24 तीर्थंकर होते हैं ।कहते हैं आत्मा अमर होती है सिर्फ देह परिवर्तन होता है और वह हम सब अच्छे से तब जान पाते हैं जब हम हमारे तीर्थंकर के 10 भव के बारे में जानते हैं इस कथा में हम आपको आदिनाथ भगवान, पार्श्वनाथ भगवान और महावीर भगवान के 10 भव के बारे में बता रहे हैं मित्र इसको सुनकर आपको समझ में आ जाएगा कि जो जैसा करता है वैसा ही पता है और इसीलिए हमें सदैव धर्म के मार्ग में लगे रहना चाहिए सदैव अच्छी भावना ही भानी चाहिए तभी तो हमारा कल्याण होगा आप सभी भी इस कथा को सुनिए और अपने जीवन को धर्म के प्रति समर्पित करने की कोशिश कीजिए\u003c\/p\u003e\u003cp\u003e\u003c\/p\u003e","brand":"Author's Republic","offers":[{"title":"Audiobook","offer_id":49840957882672,"sku":"BDnnia","price":5.0,"currency_code":"USD","in_stock":true}],"thumbnail_url":"\/\/cdn.shopify.com\/s\/files\/1\/0879\/2784\/9264\/files\/736753-nnia-Square.jpg?v=1747832330","url":"https:\/\/downpour.com\/products\/book-nnia","provider":"Downpour","version":"1.0","type":"link"}