{"product_id":"book-k95w","title":"The Miracle of Gratitude (Hindi)","description":"\u003cp\u003eThe Glory of Thankfulness\u003c\/p\u003e\u003cp\u003eजहाँ कृतज्ञता होती है,\u003c\/p\u003e\u003cp\u003eवहाँ प्रकृति की महिमा खिल उठती है…\u003c\/p\u003e\u003cp\u003eकिसी के प्रति आभार प्रकट करने के लिए हम धन्यवाद, शुक्रिया, थैंक्यू, आभार आदि शब्दों का प्रयोग करते हैं। दरअसल 'धन्यवाद' यह शब्द एक छोटी सी चुंबकीय प्रार्थना है। जिसे अलग-अलग भाषाओं में, अलग-अलग तरह से कहा जाता है। धन्यवाद कहते ही कुदरत की सुंदरता और उसकी शक्तियाँ हमारे आस-पास जीवित हो जाती हैं। हमें कुदरत के अद्भुत चमत्कारों को देखने का अवसर मिलता है।\u003c\/p\u003e\u003cp\u003eअब सवाल यह उठता है कि क्या कुदरत को सभी भाषाओं का ज्ञान है? अगर वह भाषा ही सुन रही होती तो क्या होता? कैसे सभी का हिसाब-किताब रखती? मगर ऐसा नहीं है! कुदरत भाषा नहीं, भाव तरंग समझती है।\u003c\/p\u003e\u003cp\u003eकुदरत में आपके द्वारा कहे गए शब्द नहीं, आपकी भावना पहुँचती है और वह कार्य करती है। जैसे- जब आपको कोई चीज़ जो आप चाहते थे, वह मिल जाती है तो उसके लिए आप धन्यवाद कहते हैं यानी आप 'है' की फीलिंग में हैं। इसी प्रकार जो चीज़ आपके पास नहीं है और आप उसे पाना चाहते हैं तो उसके लिए भी जब आप धन्यवाद देते हैं तब यूनिवर्स आपके कहे शब्दों पर नहीं बल्कि 'है' की फीलिंग को जान रही होती है। यह कुदरत के देने का रहस्य है। यही ग्लोरी ऑफ थैंकफुलनेस यानी कृतज्ञता की महिमा है।\u003c\/p\u003e\u003cp\u003eइसे समझकर यदि हम कृतज्ञता के साथ कुदरत संग तालमेल बिठाते हैं तो जीवन की धारा हमें खुशी और संतोष की ओर बड़ी सरलता से ले जाती है।\u003c\/p\u003e","brand":"INAudio","offers":[{"title":"Audiobook","offer_id":49461448245552,"sku":"BDk95w","price":11.5,"currency_code":"USD","in_stock":true}],"thumbnail_url":"\/\/cdn.shopify.com\/s\/files\/1\/0879\/2784\/9264\/files\/k95w-Square-cover.jpg?v=1781488850","url":"https:\/\/downpour.com\/products\/book-k95w","provider":"Downpour","version":"1.0","type":"link"}